
19 दिसम्बर | विलेज फास्ट टाइम्स, कुशीनगर
जनपद कुशीनगर में किसानों, कृषि छात्रों और दुर्घटना से प्रभावित परिवारों के लिए सरकार की कल्याणकारी योजनाएँ संजीवनी बनकर सामने आई हैं। कृषि उत्पादन मंडी समिति, कुशीनगर द्वारा राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देश पर संचालित योजनाओं की विस्तृत जानकारी सार्वजनिक की गई है। सचिव कृषि उत्पादन मंडी समिति दिलीप कुमार वर्मा ने इन योजनाओं को किसान हित, शिक्षा प्रोत्साहन और सामाजिक सुरक्षा की मजबूत कड़ी बताया।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री किसान उपहार योजना के तहत मंडी समिति के माध्यम से कृषि उपज का विक्रय करने वाले किसानों को सीधा लाभ दिया जा रहा है। प्रवेश पर्ची और प्रपत्र संख्या-6 के आधार पर पात्र किसानों को ₹5,000 मूल्य के इनामी कूपन प्रदान किए जाते हैं, जिनके माध्यम से मासिक, त्रैमासिक और छमाही ड्रॉ में आकर्षक उपहार जीतने का अवसर मिलता है। यह योजना किसानों को मंडी से जुड़ने और पारदर्शी व्यवस्था को अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है।
वहीं मुख्यमंत्री छात्रवृत्ति योजना कृषि और होम साइंस के विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित हो रही है। कृषि विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों और संस्थानों में अध्ययनरत स्नातक व स्नातकोत्तर छात्र-छात्राओं को ₹3,000 प्रतिमाह की छात्रवृत्ति दी जा रही है, जिससे शिक्षा के क्षेत्र में आर्थिक बाधाएँ टूट रही हैं और प्रतिभाओं को नई उड़ान मिल रही है।
मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना सहायता योजना के अंतर्गत हादसे का शिकार हुए कृषकों या उनके आश्रितों को बड़ी राहत दी जाती है। दुर्घटना में मृत्यु पर ₹3 लाख, गंभीर शारीरिक क्षति पर ₹75,000 तक तथा अंगुली, हाथ या पैर की आंशिक क्षति पर निर्धारित दरों से आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। इसी तरह मुख्यमंत्री खेत-खलिहान अग्निकांड दुर्घटना सहायता योजना के तहत आग से फसल या खलिहान को हुए नुकसान पर ₹30,000 से ₹50,000 तक की सहायता दी जाती है।
सचिव दिलीप कुमार वर्मा ने स्पष्ट किया कि इन सभी योजनाओं के लिए आवेदन ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन किए जाते हैं। कृषि उत्पादन मंडी समिति, कुशीनगर ने जनपद के सभी किसानों और पात्र लाभार्थियों से अपील की है कि वे समय रहते आवेदन कर इन योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाएं और सरकारी सहायता को अपनी मजबूती बनाएं।
