
कुशीनगर जनपद के दुदही नगर पंचायत में इन दिनों राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। नगर पंचायत चेयरमैन और उनके प्रतिनिधि पर भ्रष्टाचार के आरोप लगने के बाद खुद भाजपा से जुड़े स्थानीय नेताओं ने ही उनके खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
“पोल खोल हल्ला बोल” के बैनर तले दुदही के भाजपाई सड़क पर उतर आए और नुक्कड़ सभाओं के माध्यम से जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस आंदोलन में नगर के विभिन्न समाजसेवी और व्यापारी भी शामिल हुए।
नुक्कड़ सभा में दुदही व्यापार मंडल अध्यक्ष रामकुमार ने कहा कि नगर के विकास कार्यों के लिए चेयरमैन धनराशि का रोना रोते हैं, जबकि अपने निजी हितों के लिए सरकारी फंड का जमकर बंदरबांट किया जा रहा है।
भाजपा नेता और समाजसेवी राजन ब्याहुत ने भी चेयरमैन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि नगर पंचायत क्षेत्र की सीलिंग भूमि पर आम नागरिकों के अधिकारों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
वहीं भाजपा नेता और समाजसेवी मनोज कुंदन ने तीखा हमला बोलते हुए कहा, “चेयरमैन और उनके प्रतिनिधि लोगों को सिर्फ जुमलेबाजी से बहलाते हैं। दावे किए जाते हैं कि दुदही को दुबई मॉडल बनाया जाएगा, लेकिन हकीकत में यहां भेदभाव की राजनीति की जा रही है।”
इन आरोपों ने नगर की राजनीति को गरमा दिया है। दिलचस्प पहलू यह है कि नगर पंचायत के चेयरमैन खुद भाजपा से जुड़े हुए हैं, और उनके खिलाफ आवाज उठाने वाले भी भाजपा के ही नेता और कार्यकर्ता हैं। इससे साफ हो गया है कि दुदही नगर पंचायत में सत्तारूढ़ दल के भीतर ही गुटबाजी और असंतोष गहराता जा रहा है।
फिलहाल, “पोल खोल हल्ला बोल” आंदोलन ने नगरवासियों का ध्यान अपनी ओर खींचा है और लोग अब नगर पंचायत की कार्यप्रणाली और विकास कार्यों को लेकर सवाल उठाने लगे हैं।

