
कुशीनगर के दुदही लॉक क्षेत्र के बांसगांव में अतिक्रमण हटाने के लिए प्रशासन का बुलडोजर पहुंचा, लेकिन ग्रामीणों के विरोध के आगे वह खाली हाथ लौटना पड़ा। इस दौरान ग्रामीणों और प्रशासन के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन ने बिना किसी पूर्व सूचना के अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि जिस जमीन पर अतिक्रमण का आरोप लगाया जा रहा है, वह जमीन सदियों से उनकी बताई जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन पर एकतरफा कार्रवाई करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर विचार नहीं किया जाता और जमीन के मालिकाना हक नहीं दिए जाते, तब तक वे अतिक्रमण हटाने की अनुमति नहीं देंगे।
इस घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। प्रशासन की इस कार्रवाई से ग्रामीणों में आक्रोश है और उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि प्रशासनिक अधिकारियों ने उनकी बात सुनने की जहमत नहीं उठाई और सीधे अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी।
वहीं, प्रशासन का कहना है कि अतिक्रमण की शिकायतें मिल रही थीं और नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा रही है। प्रशासनिक अधिकारी ग्रामीणों से वार्ता कर समाधान निकालने का प्रयास कर रहे हैं। फिलहाल, गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
