
📰 विलेज फास्ट टाइम्स – कुशीनगर
दुदही (कुशीनगर)।
चक्रवाती तूफान मोंथा की हल्की बारिश ने नगर पंचायत दुदही की सड़कों का असली चेहरा उजागर कर दिया है। “विकास के वादे” अब गड्ढों में तब्दील हो चुके हैं, और नगरवासी जान जोखिम में डालकर इन सड़कों पर चलने को मजबूर हैं। पैदल और बाइक सवार आए दिन फिसलकर घायल हो रहे हैं — और अब सोशल मीडिया पर दुदही की सड़कें नहीं, बल्कि “दुर्दशा की तस्वीरें” वायरल हो रही हैं।
आदर्श एग्लो इंटर कॉलेज से पड़रौना–तमकुही मार्ग को जोड़ने वाली मुख्य सड़क बारिश के बाद कीचड़ और गड्ढों में तब्दील हो गई है। सड़क किनारे के दुकानदार बताते हैं कि ग्राहक आना बंद कर चुके हैं, क्योंकि यहां चलना “साहसिक कार्य” बन गया है। बारिश ने जिस तरह नगर की सूरत बिगाड़ी है, उसी तरह लोगों का भरोसा भी हिला दिया है।
सोशल मीडिया पर इस मुद्दे को लेकर “सोशल वार” छिड़ गई है। नगर के जागरूक नागरिक नगर पंचायत की कार्यशैली पर खुलकर सवाल उठा रहे हैं। अधिवक्ता मनोज कुंदन ने चेतावनी दी है कि यदि सड़क की स्थिति जल्द नहीं सुधरी तो आंदोलन किया जाएगा। वहीं समाजसेवी ज्ञान प्रकाश ने टीम अटल के साथ बैठक कर नगर की विकास योजनाओं की जांच की मांग की है। उनका कहना है — “यहां विकास नहीं, बजट का बंदरबांट चल रहा है। बड़ी परियोजनाओं को सक्षम संस्था से न करवाकर छोटे-छोटे ठेकों में बांट दिया जाता है, जिससे न सड़क टिकती है, न जनता का सब्र।”
नगर अध्यक्ष प्रतिनिधि इमरान आलम से पक्ष जानने की कोशिश की गई, लेकिन उनका मोबाइल “फुल रिंग” के बाद भी मौन रहा — जैसे नगर की सड़कें जवाब नहीं दे रहीं।
अब सवाल यह है कि जब हल्की बारिश में ही दुदही की सड़कों का यह हाल है, तो आने वाले मौसम में क्या नगर विकास फिर किसी नई रिपोर्ट के इंतज़ार में फिसलता रहेगा?
