

विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर — विशेष रिपोर्ट
कुशीनगर। जिले में गुरुवार का दिन पुलिस के लिए बड़ी उपलब्धि लेकर आया, वहीं पीड़ित परिवार के लिए खुशियों से भरा साबित हुआ। मेडिकल कॉलेज से रहस्यमय परिस्थितियों में गायब हुआ एक दिवस का नवजात बच्चा पुलिस ने महज कुछ ही घंटों में सकुशल बरामद कर लिया। इस मामले ने पूरे जनपद में हड़कंप मचा दिया था, लेकिन कुशीनगर पुलिस ने अपनी तीव्रता, सतर्कता और उत्कृष्ट कार्यशैली का परिचय देकर बड़ी राहत प्रदान की।
घटना पड़रौना कोतवाली क्षेत्र के मणिकौरा, टोला बिंद टोली महुआवा कुटी की है। माया देवी, पत्नी स्व. बसंत निषाद, अपनी डिलीवरी के बाद मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू वार्ड में भर्ती थीं। इसी दौरान अचानक नवजात गायब होने की सूचना अस्पताल स्टाफ और परिजनों में अफरा-तफरी फैलाने लगी। परिवार सदमे में था और गांव में दहशत का माहौल पैदा हो गया था कि आखिर नवजात को कौन उठा ले गया।
मामला गंभीर होने पर पुलिस-प्रशासन तुरंत हरकत में आया। देर शाम स्वाट टीम प्रभारी आशुतोष सिंह और जटहां बाजार के एसओ आलोक यादव अपनी टीम के साथ सक्रिय हुए। इसी बीच ग्राम प्रधान नंदलाल साहनी द्वारा दी गई अहम सूचना ने जांच को नई दिशा दे दी। पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए इलाके में कॉम्बिंग शुरू किया और रणनीतिक तरीके से तलाशी अभियान चलाया।
कड़ी मशक्कत और तेजी से चलाए गए अभियान के परिणामस्वरूप पुलिस ने नवजात को सकुशल बरामद कर लिया। बच्चे को तुरंत मेडिकल जांच हेतु ले जाया गया, जहां उसकी तबीयत पूरी तरह ठीक पाई गई।
पुलिस के अनुसार, “एक दिवस के नवजात बच्चे के चोरी के प्रकरण में बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया गया है। बच्चे को उसके पिता को सुरक्षित सुपुर्द कर दिया गया है।”
जैसे ही बच्चे की बरामदगी की खबर परिवार तक पहुँची, उनके आंसू खुशी में बदल गए। पूरे गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। परिवार और ग्रामीणों ने कुशीनगर पुलिस की कार्यकुशलता, संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए धन्यवाद व्यक्त किया।
नवजात की सुरक्षित वापसी ने यह साबित कर दिया कि कुशीनगर पुलिस अपराधियों के मंसूबों को नाकाम करने और हर चुनौती का सामना करने में पूरी तरह सक्षम है।
यह कार्रवाई पुलिस की मुस्तैदी, जनता के सहयोग और समय पर मिली सूचना का बेहतरीन उदाहरण बन गई है।
– विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर






