

28 नवम्बर – विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर
कुशीनगर। महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाने तथा महिला–बाल सुरक्षा को मजबूत आधार देने के उद्देश्य से आज कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) वैभव मिश्रा ने की। इस दौरान विभिन्न योजनाओं की प्रगति, लंबित मामलों की समीक्षा और आगे की कार्यवाही को तेज करने पर जोर दिया गया।
बैठक में पाक्सो एक्ट से जुड़े कुल 04 संवेदनशील मामले समिति के समक्ष प्रस्तुत किए गए। इनमें से एक मामले में पीड़िता की स्थिति को देखते हुए तत्काल क्षतिपूर्ति प्रदान करने का निर्णय लिया गया, जो प्रशासन की संवेदनशीलता और त्वरित न्याय प्रदान करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। एक अन्य मामला शासनादेश के निर्धारित मानकों के अनुसार अयोग्य पाया गया, जबकि एक प्रकरण पर विस्तृत जांच हेतु अगली बैठक तक निर्णय सुरक्षित रखा गया।
इसके अलावा, पाक्सो से जुड़े अन्य 04 मामलों में एफएसएल रिपोर्ट उपलब्ध न होने पर अपर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को शीघ्र रिपोर्ट उपलब्ध कराने के कड़े निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि एफएसएल रिपोर्ट में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी, क्योंकि ऐसे मामलों में समयबद्ध कार्रवाई पीड़िताओं के न्याय से सीधे जुड़ी होती है।
समिति ने यह भी निर्देशित किया कि पाक्सो मामलों में पीड़िताओं की मेडिकल जांच में पूर्ण सहयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर उचित आर्थिक सहायता और आवश्यक कानूनी कार्रवाई समय से की जा सके।
बैठक में महिला कल्याण विभाग की कई महत्वपूर्ण योजनाओं — मिशन वात्सल्य, बाल कल्याण समिति, किशोर न्याय बोर्ड, जिला बाल संरक्षण इकाई, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, स्पॉन्सरशिप योजना, वन स्टॉप सेंटर, बेटी बचाओ–बेटी पढ़ाओ अभियान आदि की समीक्षा एवं प्रगति पर भी विस्तार से चर्चा की गई। अपर जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को शासन द्वारा निर्गत निर्देशों के अनुरूप समयबद्ध, पारदर्शी और परिणाम आधारित कार्यवाही करने के आदेश दिए।
बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक, जे.डी. अभियोजन की ओर से डॉ. अवधेश कुशवाहा, रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष के प्रतिनिधि, किशोर न्याय बोर्ड एवं बाल कल्याण समिति के सदस्य, वन स्टॉप सेंटर, चाइल्ड हेल्पलाइन, हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ वूमेन, राजकीय दत्तक ग्रहण इकाई, संरक्षण अधिकारी समेत अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
यह बैठक जिले में महिला एवं बाल सुरक्षा को नई गति देने वाली साबित होगी।
