
कुशीनगर जनपद के तहसील कप्तानगंज अंतर्गत ग्राम सभा रामपुर बगहा में सरकारी चकमार्ग पर दबंगों द्वारा किए गए अवैध कब्जे ने प्रशासनिक व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। हालात ऐसे बन गए हैं कि गांव में बुनियादी सुविधा मानी जाने वाली बिजली व्यवस्था तक बाधित हो गई है। अवैध कब्जाधारियों के कारण चकमार्ग पर विद्युत पोल गाड़े जाने में अड़चन आ रही है, जिससे पूरे गांव को अंधेरे में रहने को मजबूर होना पड़ रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव के कुछ प्रभावशाली लोगों ने सरकारी चकमार्ग को अपनी निजी संपत्ति समझते हुए उस पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। जब बिजली विभाग ने वहां पोल लगाने की कोशिश की तो कर्मचारियों को खुलेआम रोक दिया गया। इससे न सिर्फ सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न हुई, बल्कि शासन की सख्ती और कानून के भय पर भी सवाल खड़े हो गए।
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार मौखिक रूप से समझाने के बावजूद दबंग अपने अड़ियल रवैये से बाज नहीं आ रहे हैं। स्थिति यहां तक पहुंच गई है कि गांव में तनाव का माहौल बन गया है और कभी भी कोई अप्रिय घटना घट सकती है। प्रशासनिक उदासीनता से आहत ग्रामीणों ने अब उपजिलाधिकारी कप्तानगंज को लिखित शिकायत देकर अवैध कब्जा हटवाने और बिजली पोल स्थापित कराने की मांग की है।
यह मामला न सिर्फ चकमार्ग अतिक्रमण का है, बल्कि प्रशासन की कार्यशैली की भी कड़ी परीक्षा है। सवाल यह है कि क्या सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों पर कानून का शिकंजा कसेगा या फिर दबंगों के आगे व्यवस्था यूं ही नतमस्तक बनी रहेगी? ग्रामीणों को अब सख्त प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार है। यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो यह लापरवाही किसी बड़े आंदोलन या हादसे का कारण बन सकती है।
