
विलेज फास्ट टाइम्स | कुशीनगर
दिनांक: 22 दिसम्बर
कुशीनगर जनपद में कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वालों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ा एक्शन लिया है। अपर जिला मजिस्ट्रेट (न्यायिक) प्रेम कुमार राय ने गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत एक साथ 07 कुख्यात अभियुक्तों को 06 माह के लिए जिला बदर कर दिया, जिससे अपराधियों में हड़कंप मच गया है।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, ये सभी अभियुक्त लंबे समय से क्षेत्र में आतंक का पर्याय बने हुए थे। बार-बार जमानती वारंट जारी होने के बावजूद न्यायालय में उपस्थित न होना, गंभीर आपराधिक मामलों में संलिप्तता और लोक शांति भंग करने की लगातार शिकायतों को देखते हुए यह कठोर कार्रवाई की गई। एडीएम न्यायायिक ने साफ संदेश दिया है कि कानून तोड़ने वालों के लिए कुशीनगर में कोई जगह नहीं है।
जिला बदर किए गए अभियुक्तों में
मनोज निषाद पुत्र हीरा निषाद (तुर्कवलिया, थाना सेवरही) – देवरिया,
राम एकबाल यादव उर्फ रामइकबाल (कोईदहा, थाना तरयासुजान) – देवरिया,
अभिषेक यादव उर्फ राकेश (दनियाडी, थाना तरयासुजान) – देवरिया,
इमामुल उर्फ इमामुद्दीन उर्फ बिहारी (परसौनी खुर्द, थाना रामकोला) – महाराजगंज,
फिरदौस उर्फ पप्पू (सरिसवा, थाना तुर्कपट्टी) – देवरिया,
अब्दुल हसन (हरिहरपट्टी, थाना रामकोला) – महाराजगंज,
अन्सार (बसहिया उर्फ बनवीरपुर, कोतवाली पडरौना) – महाराजगंज
शामिल हैं।
प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि जिला बदर की अवधि में किसी भी अभियुक्त ने जनपद की सीमा में प्रवेश करने का प्रयास किया, तो उसके खिलाफ और भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई से आमजन में सुरक्षा का भरोसा बढ़ा है, वहीं अपराधियों में प्रशासन का खौफ साफ नजर आ रहा है।
कुशीनगर में साफ संदेश है—अपराध करेंगे तो अंजाम तय है।
