
कुशीनगर से बड़ी खबर — विकास कार्यों में वित्तीय गड़बड़ी के मामले में कार्रवाई की तैयारी
जनपद कुशीनगर की ग्राम पंचायत जंगल हनुमानगंज की ग्राम प्रधान श्रीमती तंजीम पर विकास कार्यों में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। इन आरोपों को लेकर जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर ने प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए पांच दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए हैं।
यह कार्रवाई जिला पंचायत राज अधिकारी की जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई है, जिसमें पाया गया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 एवं 2023-24 के दौरान ग्राम पंचायत में कराए गए निर्माण कार्यों में टेंडर प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, बिना स्वीकृत फर्म से पंचायत भवन निर्माण कराया गया और भुगतान भी कर दिया गया। इस कार्य में लगभग ₹4 लाख की धनराशि खर्च की गई, जिसमें से ₹1.04 लाख अतिरिक्त व्यय पाया गया, जबकि निर्माण कार्य अब भी अधूरा है।
इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया कि ग्राम पंचायत के खाते में ₹8.06 लाख (₹3.84 लाख पंचायत निधि व ₹4.22 लाख केंद्र सहायता निधि) उपलब्ध होने के बावजूद आवश्यक विकास कार्य नहीं कराए गए। यह वित्तीय अनुशासन का स्पष्ट उल्लंघन माना गया है।
डीएम महेन्द्र सिंह तंवर ने कहा कि “शासन की योजनाओं का पारदर्शी क्रियान्वयन सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी भी स्तर पर लापरवाही या धन के दुरुपयोग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।” उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि ग्राम प्रधान का उत्तर संतोषजनक नहीं पाया गया तो उनके विरुद्ध उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम की धारा 95(1)(छ) के अंतर्गत कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
इस कार्रवाई से क्षेत्र की अन्य ग्राम पंचायतों में भी हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जांच निष्पक्ष रूप से आगे बढ़ती है तो इससे गांवों में विकास कार्यों की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होगी।
📍रिपोर्ट: विलेज फास्ट टाइम्स न्यूज़, कुशीनगर
