
कुशीनगर जनपद के तमकुहीराज तहसील में समाधान दिवस के दौरान दिया गया एक प्रार्थना पत्र प्रशासनिक गलियारों में तीखी हलचल पैदा कर गया है। ग्राम अहिरौली दान निवासी धर्मवीर कुमार ने जिलाधिकारी कुशीनगर को संबोधित शिकायत में उपजिलाधिकारी आकांक्षा मिश्रा पर पक्षपातपूर्ण रवैये के गंभीर आरोप लगाए हैं। पत्र सामने आते ही स्थानीय स्तर पर चर्चाओं का बाजार गर्म है और सवाल उठने लगे हैं कि न्यायालय के आदेशों के अनुपालन में आखिर चूक कहाँ हो रही है।
शिकायतकर्ता के अनुसार, उनके परिवार से जुड़ा भूमि विवाद न्यायालय के स्पष्ट आदेश के बावजूद सुलझने के बजाय और उलझता चला गया। प्रार्थना पत्र में उल्लेख है कि आराजी नंबर 1550/0.409 से संबंधित मुकदमे में न्यायालय ने 19 जून 2023 को पत्थर नसब (सीमा निर्धारण) का आदेश पारित किया था। धर्मवीर कुमार का दावा है कि राजस्व टीम ने 14 अगस्त 2023 को आदेश का पालन करते हुए सीमा चिन्ह स्थापित भी कर दिए थे। लेकिन आरोप है कि 26 दिसंबर 2024 को विपक्षी पक्ष ने कथित दबंगई दिखाते हुए इन सीमा चिन्हों को उखाड़ फेंका, जिससे विवाद ने फिर तूल पकड़ लिया।
धर्मवीर कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि घटना की सूचना देने और कार्रवाई की गुहार के बावजूद स्थानीय प्रशासन ने अपेक्षित तत्परता नहीं दिखाई। उनका कहना है कि मामले में एफआईआर तक दर्ज नहीं हुई और सुनवाई की प्रक्रिया में भी कथित तौर पर टालमटोल का रवैया अपनाया गया। शिकायत में उपजिलाधिकारी पर कर्मचारियों के साथ मिलीभगत तथा निष्पक्ष सुनवाई न करने के आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से विधि सम्मत जांच और कठोर कार्रवाई की मांग की गई है।
इस प्रकरण के उजागर होते ही प्रशासनिक पारदर्शिता, जवाबदेही और न्यायालयी आदेशों के सम्मान पर बहस तेज हो गई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि न्यायालय के आदेशों के बाद भी विवाद कायम रहे और शिकायतकर्ता न्याय की गुहार लगाता रहे, तो यह व्यवस्था के लिए चिंताजनक संकेत है। लोगों के बीच यह कटाक्ष भी सुनाई दे रहा है कि “समाधान दिवस” कहीं औपचारिकता बनकर न रह जाए।
अब निगाहें जिलाधिकारी कुशीनगर की अगली पहल पर टिकी हैं। क्या आरोपों की निष्पक्ष जांच होगी? क्या तथ्यों के आधार पर जिम्मेदारी तय होगी? या फिर यह मामला भी फाइलों के बोझ तले दब जाएगा? फिलहाल, प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है, लेकिन समाधान दिवस की यह शिकायत तहसील से लेकर जिले तक चर्चा का केंद्र बन चुकी है।
