
05 दिसंबर – विलेज फास्ट टाइम्स, कुशीनगर
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की संसदीय अध्ययन समिति कल 06 दिसंबर 2025 को देवरिया में एक महत्वपूर्ण एवं बेहद प्रभावी समीक्षा बैठक करने जा रही है। प्रदेश के विकास कार्यों और जनकल्याण योजनाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन करने के उद्देश्य से आयोजित इस बैठक को लेकर दोनों जनपद — देवरिया एवं कुशीनगर के प्रशासनिक अमले में हलचल तेज हो गई है।
इस उच्चस्तरीय बैठक का नेतृत्व विधान परिषद के सभापति श्री किरण पाल कश्यप स्वयं करेंगे, जिससे बैठक का महत्व और भी बढ़ गया है। विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक समिति इस बार योजनाओं की प्रगति, अधिकारियों की कार्यशैली और जनता से जुड़े मुद्दों पर बेहद गंभीरता से समीक्षा करने के मूड में है।
बैठक प्रातः 11:00 बजे विकास भवन सभागार, देवरिया में शुरू होगी। इसमें दोनों जिलों के शीर्ष अधिकारी उपस्थित रहेंगे। खास बात यह है कि विधानमंडल सदस्यों द्वारा पूर्व में भेजे गए पत्रों पर विभागों द्वारा की गई कार्रवाई की स्थिति इस बैठक का मुख्य एजेंडा रहने वाला है। कई विभागों से बिंदुवार रिपोर्ट मांगी गई है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि ज़मीनी स्तर पर योजनाओं का लाभ जनता तक पहुंच रहा है या नहीं।
सूत्र बताते हैं कि समिति बिजली, सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, कानून-व्यवस्था एवं सामाजिक कल्याण योजनाओं जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों की समीक्षा करते हुए विभागीय अधिकारियों से कड़े सवाल भी पूछ सकती है। साथ ही जनहित से जुड़े लम्बित प्रकरणों पर विशेष चर्चा होने की संभावना है।
बैठक में समिति द्वारा विभागों के कार्यों का मूल्यांकन कर आगे की कार्यवाही के लिए ठोस दिशा–निर्देश जारी किए जाएंगे। माना जा रहा है कि समिति इस बार विकास कार्यों की गति बढ़ाने तथा जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर दे सकती है।
देवरिया में होने वाली यह बैठक न केवल दोनों जनपदों के प्रशासन के लिए परीक्षण की घड़ी साबित होगी, बल्कि आने वाले महीनों में विकास की दिशा तय करने वाला अहम पड़ाव भी मानी जा रही है।
विलेज फास्ट टाइम्स की विशेष नज़र इस हाई–लेवल बैठक पर बनी रहेगी।
