
19 नवम्बर, विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर
कुशीनगर में आयोजित किसान दिवस की बैठक दिनांक 19 नवम्बर 2025 में किसानों की आवाज़ को जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर ने न सिर्फ ध्यानपूर्वक सुना, बल्कि तुरंत कड़ा और ऐतिहासिक निर्णय भी ले डाला। किसानों ने लंबे समय से जिस समस्या को उठाया था, उस पर अब जिले में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
बैठक में किसानों ने प्रमुख मांग रखी थी कि बाह्य गन्ना क्रय केन्द्रों पर कम्प्यूटरीकृत/इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीनों पर डिजिटल डिस्प्ले इस प्रकार लगाया जाए कि तौल के दौरान पूरी प्रक्रिया उन्हें स्पष्ट दिखाई दे सके, जिससे किसी भी तरह की अनियमितता या मनमानी की गुंजाइश न रहे। यह मुद्दा वर्षों से किसानों की परेशानी का कारण बना हुआ था।
किसानों की इस मांग पर तत्काल संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने जनपद कुशीनगर की सभी चीनी मिलों के अध्यासी/प्रधान प्रबंधकों—
➡ चीनी मिलें जनपद कुशीनगर
➡ चीनी मिल पिपराइच, जनपद गोरखपुर
➡ चीनी मिल गड़ौरा, जनपद महाराजगंज
को स्पष्ट और कड़े निर्देश भेज दिए हैं।
DM द्वारा जारी आदेश के अनुसार, हर बाह्य गन्ना क्रय केन्द्र पर 12 इंच × 4 इंच का बड़ा डिजिटल डिस्प्ले अनिवार्य रूप से लगाया जाएगा, जो वेब्रिज के बाहर ऐसी ऊँचाई और स्थान पर होगा कि तौल कराने वाला हर किसान स्वयं अपनी तौल का पूरा विवरण साफ-साफ देख सके।
जिलाधिकारी ने निर्देश देते हुए कहा—
“तौल प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित करना मेरी सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी भी प्रकार की लापरवाही, ढिलाई या अनियमितता किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी मिल प्रबंधन तत्काल प्रभाव से आदेश का पालन सुनिश्चित करें।”
इस निर्णय को जिले भर के किसान एक ऐतिहासिक कदम मान रहे हैं, क्योंकि तौल से संबंधित विवाद, गुप्त कटौती, वजन में अंतर जैसे मुद्दे अब समाप्त होने की उम्मीद है। डिजिटल डिस्प्ले से हर किसान अपने सामने तौल प्रक्रिया देख सकेगा—कितना गन्ना चढ़ा, कितना वजन हुआ, कितना कट हुआ—सब कुछ रियल टाइम में।
वहीं प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से
✔ पारदर्शिता बढ़ेगी,
✔ गन्ना खरीद केंद्रों में मनमानी रुकेगी,
✔ किसानों का भरोसा मजबूत होगा,
✔ और विवाद लगभग समाप्त हो जाएंगे।
विलेज फास्ट टाइम्स को सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कई क्रय केंद्रों पर पहले अवैध कटौती और अपारदर्शी तौल व्यवस्था की शिकायतें मिल रही थीं, जिन पर अब पूरी तरह लगाम लग जाएगी।
किसान हित में जिलाधिकारी द्वारा उठाया गया यह त्वरित कदम पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और किसानों ने इसे “साहसिक व स्वागतयोग्य निर्णय” बताया है।
विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर
किसानों की आवाज़ आपके साथ!
