
कुशीनगर में एक महिला ने रेप के मामले में सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि विवेचक दरोगा महिपाल चौहान ने आरोपी को बचाने के लिए दबाव बनाया और मजिस्ट्रेट के सामने धमकी देकर बयान बदलवाया।महिला ने बताया कि दरोगा ने पहले बयान बदलने के लिए सौदेबाजी की और जब वह नहीं मानी तो धमकी देकर न्यायालय में गलत तथ्य रखकर बयान बदलवाया। इसके अलावा, दरोगा ने परिजनों को फंसाने की धमकी भी दी। महिला का यह भी आरोप है कि पति को भेजे गए वीडियो के कारण उसे घर से निकाला गया और वह दर-दर भटक रही है।
महिला की शिकायत पर पुलिस कप्तान ने सीओ तमकुहीराज को जांच सौंपी है। लोगों को उम्मीद है कि सीओ तमकुहीराज इस प्रकरण में दोषियों पर कार्रवाई करेंगे।
इससे पहले भी कुशीनगर में एक दरोगा द्वारा महिला के साथ बदसलूकी करने का मामला सामने आया था, जिसमें पुलिस अधीक्षक ने दरोगा को निलंबित कर दिया था। ऐसे मामलों से पुलिस विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठने लगते हैं।महिला ने एसपी कुशीनगर से निष्पक्ष विवेचना की मांग की है और कहा है कि इस मामले की जांच किसी अन्य विवेचक से कराई जाए। अब देखना यह है कि पुलिस इस मामले में क्या कार्रवाई करती है और कब तक न्याय मिलता है।
हालांकि, कुशीनगर पुलिस ने हाल ही में एक दरोगा के मानवीय कार्य की सराहना की है, जिसमें उन्होंने बारिश में फंसी एक महिला और उसके बच्चों को सुरक्षित घर पहुंचाया था। यह घटना पुलिस की संवेदनशील छवि को दर्शाती है। लेकिन इस तरह के मामलों से पुलिस विभाग की साख खराब होती है और लोगों का पुलिस पर से विश्वास उठने लगता है।
