
कुशीनगर, 24 सितंबर 2025।
आगामी छठ महापर्व को सकुशल, शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक कुशीनगर, श्री केशव कुमार के निर्देशन में जिलेभर में व्यापक सुरक्षा तैयारियाँ शुरू कर दी गई हैं। छठ घाटों पर होने वाली भारी भीड़ को ध्यान में रखते हुए जनपद के सभी थाना प्रभारी, चौकी प्रभारी, हल्का प्रभारी व बीट आरक्षियों द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों में चयनित घाटों का निरंतर भ्रमण एवं स्थलीय निरीक्षण किया जा रहा है।
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधिकारियों ने घाटों की सुरक्षा, बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था,अप्रोच रूट, पार्किंग स्थलों, यातायात प्रबंधन, स्वच्छता, राहत/बचाव संसाधनों तथा गोताखोर व आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं की बारीकी से समीक्षा की। लक्ष्य यह है कि छठ व्रतियों और श्रद्धालुओं को कहीं भी भीड़भाड़, अव्यवस्था या असुरक्षा की स्थिति का सामना न करना पड़े और प्रत्येक भक्त बिना किसी तनाव के सूर्योपासना कर सके।
पुलिस टीमों को निर्देशित किया गया है कि घाटों पर भीड़ नियंत्रण के लिए पर्याप्त पुलिस बल, महिला पुलिस की तैनाती, घेराबंदी व्यवस्था, रूट डायवर्जन, एंटी-रोमियो पेट्रोलिंग और पैदल गश्त सुनिश्चित की जाए। साथ ही जहाँ जरूरत होगी, वहां स्थानीय नाविक, होमगार्ड एवं स्वयंसेवी संगठनों की भी मदद ली जाएगी। छठ की संवेदनशीलता देखते हुए अंधेरे वाले स्थानों पर अतिरिक्त एलईडी लाइट, टॉर्च, जनरेटर और पेट्रोलिंग प्वाइंट भी निर्धारित किए जा रहे हैं।
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि “श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है” और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने हर घाट से जुड़े पुलिसकर्मियों को “घाट का भ्रमण कर फोटो/सेल्फी भेजने” के निर्देश भी जारी किए हैं, ताकि मॉनिटरिंग रियल-टाइम में हो सके और कंट्रोल रूम हर लोकेशन की अपडेट प्राप्त कर सके।
यातायात व्यवस्था को दुरुस्त रखने हेतु वन-वे सिस्टम, नो-पार्किंग जोन, अस्थायी पार्किंग स्थल और एंबुलेंस रूट भी चिह्नित किए जा रहे हैं। भीड़ वाले पॉइंट्स पर ड्रोन व सीसीटीवी कैमरों की मदद से निगरानी की योजना भी विचाराधीन है। प्रशासन का फोकस यह सुनिश्चित करने पर है कि ठेलों, दुकानों और वाहनों की अव्यवस्था घाटों के सुचारु संचालन में बाधा न बने।
छठ का चार दिवसीय महापर्व हर वर्ष कुशीनगर में लाखों श्रद्धालुओं को घाटों की ओर आकर्षित करता है, ऐसे में पुलिस की यह सक्रियता जनसुरक्षा, साम्प्रदायिक सौहार्द और उत्तरदायी प्रशासन की मजबूत छवि प्रस्तुत करती है।
जिले की पुलिस ने अपील भी की है कि आमजन सहयोग करें, अनावश्यक भीड़भाड़, अफवाह या धक्का-मुक्की से बचें, और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें — ताकि यह पवित्र पर्व शांति और भक्ति के वातावरण में सम्पन्न हो सके।










