
विलेज फास्ट टाइम्स | कुशीनगर
दिनांक: 09 फरवरी 2026
मेगा/वृहद विधिक सहायता एवं सेवा शिविर की तैयारियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। माननीय राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशों तथा जनपद न्यायाधीश के मार्गदर्शन में 22 फरवरी 2026 को प्रस्तावित मेगा/वृहद विधिक सहायता एवं सेवा शिविर को ऐतिहासिक और प्रभावी बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने कमर कस ली है।
इसी क्रम में सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण प्रभात सिंह और जिलाधिकारी कुशीनगर महेन्द्र सिंह तंवर के मध्य कलेक्ट्रेट में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई, जिसमें शिविर की रूपरेखा, व्यवस्थाओं, विभागीय समन्वय और जनसरोकार से जुड़े पहलुओं पर गहन मंथन किया गया। बैठक में स्पष्ट किया गया कि यह शिविर केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जरूरतमंदों तक न्याय और योजनाओं की सीधी पहुंच सुनिश्चित करने का सशक्त माध्यम बनेगा।
सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा अवगत कराया गया कि इस मेगा शिविर के सफल आयोजन के लिए जनपद के 40 से अधिक विभागों की सक्रिय सहभागिता अनिवार्य होगी। इस पर जिलाधिकारी ने सख्त और स्पष्ट रुख अपनाते हुए सभी संबंधित विभागों को समयबद्ध तैयारी, जिम्मेदारी तय करने और आपसी समन्वय के निर्देश देने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े इस आयोजन में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
प्रशासनिक तैयारियों को और धार देने के लिए दिनांक 11 फरवरी 2026 को कलेक्ट्रेट सभागार में सभी विभागाध्यक्षों के साथ एक व्यापक समन्वय बैठक आयोजित किए जाने का प्रस्ताव रखा गया, ताकि शिविर को धरातल पर प्रभावी रूप से उतारा जा सके।
सचिव प्रभात सिंह ने बताया कि इस मेगा/वृहद विधिक सहायता एवं सेवा शिविर का मुख्य उद्देश्य समाज के कमजोर और वंचित वर्गों—जैसे दिव्यांगजन, महिलाएं, बच्चे, निर्धन परिवार, असंगठित क्षेत्र के श्रमिक, अनुसूचित जाति एवं जनजाति, बेरोजगार युवा और कृषक—को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही छत के नीचे उपलब्ध कराना है।
यह शिविर दो चरणों में आयोजित होगा। प्रथम चरण में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में लघु शिविर लगाकर पात्र लाभार्थियों की पहचान और योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाएगा। द्वितीय चरण में चिन्हित लाभार्थियों को 22 फरवरी 2026 को जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर, कुशीनगर में आयोजित मेगा शिविर में सीधे लाभान्वित किया जाएगा।
प्रशासनिक सख्ती, विभागीय समन्वय और जनहित की स्पष्ट मंशा के साथ यह मेगा शिविर कुशीनगर में न्याय और सेवा का एक सशक्त उदाहरण बनने की ओर अग्रसर है।
