
📰 विलेज फास्ट टाइम्स
जनपद कुशीनगर, उत्तर प्रदेश
परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर सवाल, प्रशासन ने कहा — “नियम मौजूद, लेकिन पालन की कमी”
कुशीनगर। आधुनिकता की चमक अब जानलेवा साबित हो रही है। सड़कों पर दौड़ते वाहनों की तेज़ सफेद एलईडी लाइटें आज देश में दुर्घटनाओं की नई जड़ बन चुकी हैं।
इस गंभीर विषय पर राष्ट्रीय भ्रष्टाचार निरोधक संघ ने सरकार और प्रशासन से प्रभावी कार्रवाई की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि अगर समय रहते इन सफेद लाइटों पर रोक नहीं लगी, तो देश को अंधत्व और अकाल मृत्यु के संकट का सामना करना पड़ सकता है।
संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष नयन बरनवाल, राष्ट्रीय संरक्षक अंजय कुमार उपाध्याय और राष्ट्रीय महासचिव भारत भूषण श्रीवास्तव से मंत्रणा के उपरांत, मध्य प्रदेश इकाई के प्रदेश अध्यक्ष पंडित ओमप्रकाश ओझा एवं प्रदेश सचिव प्रदीप कुमार जोशी ने समाचारपत्र के माध्यम से शासन-प्रशासन से सवाल किया है —
“जब आदरणीय प्रधानमंत्री का लक्ष्य विकसित भारत, खुशहाल जीवन और समृद्ध मानवता का है, तो आखिर क्यों परिवहन विभाग आंख मूंदे बैठा है? क्या यह विभाग आम जनता की सुरक्षा से खेल नहीं रहा?”
संघ ने कहा कि आज अधिकांश नए वाहनों में अत्यधिक चमकदार सफेद एलईडी लाइटें लगाई जा रही हैं, जो न केवल सामने आने वाले चालक की दृष्टि पर प्रभाव डालती हैं, बल्कि सड़क किनारे पैदल यात्रियों और दोपहिया सवारों को भी दुर्घटना के मुहाने पर ला खड़ा करती हैं।
इन लाइटों की तेज़ चकाचौंध आंखों को अस्थायी रूप से अंधा कर देती है, जिससे वाहन टकराव और मौतों का खतरा कई गुना बढ़ गया है।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम की धारा 106 और 112 के तहत अनधिकृत या अत्यधिक रोशनी वाली हेडलाइट्स का प्रयोग प्रतिबंधित है। हालांकि, सड़क सुरक्षा अधिकारियों ने यह भी स्वीकारा कि निगरानी और सख्त कार्रवाई की कमी के कारण ऐसे वाहन सड़क पर खुलेआम दौड़ रहे हैं।
संघ ने अपनी अपील में कहा —
“यदि सरकार ने अब भी इस दिशा में कदम नहीं उठाया, तो यह केवल कानून की असफलता नहीं, बल्कि नागरिक सुरक्षा के साथ खिलवाड़ होगा। आधुनिक भारत में विकास का अर्थ चकाचौंध नहीं, बल्कि सुरक्षित जीवन होना चाहिए।”
संघ ने केंद्र और राज्य सरकारों से इस मामले पर राष्ट्रीय स्तर पर जागरूकता अभियान चलाने और सफेद एलईडी लाइटों के उपयोग पर सख्त नियंत्रण लगाने की मांग की है।
“सड़कें उजली हों, लेकिन जीवन अंधकारमय नहीं — यही समय की मांग है।”
🖋️ विलेज फास्ट टाइम्स संवाददाता – कुशीनगर, उत्तर प्रदेश
(जन-हित की आवाज़, समाज की सुरक्षा के साथ)
