
विलेज फास्ट टाइम्स | कुशीनगर
मुन्ना अंसारी | जिला क्राइम संवाददाता
कुशीनगर। पासपोर्ट जैसे बेहद संवेदनशील सरकारी दस्तावेज को लेकर कथित फर्जीवाड़े के मामले में विशुनपुरा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद इलाके में उन लोगों के बीच खलबली मच गई है, जो कथित तौर पर दस्तावेजों की हेराफेरी कर सरकारी प्रक्रिया को चकमा देने की कोशिश करते हैं।
पुलिस के अनुसार, अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के क्रम में 07 सितंबर 2026 को थाना विशुनपुरा पुलिस ने मु0अ0सं0 290/2026 से संबंधित एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया। मामला फर्जी पासपोर्ट बनवाने समेत कूटरचित दस्तावेजों के इस्तेमाल से जुड़ा बताया गया है।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान अजय कुमार पुत्र हरिकिशुन, निवासी वैकुण्ठपुर कोठी, थाना विशुनपुरा, जनपद कुशीनगर के रूप में हुई है।
पुलिस ने इस मामले में धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) बीएनएस तथा धारा 12(1)बी पासपोर्ट अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि अभियुक्त के विरुद्ध गिरफ्तारी के बाद अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
चार सदस्यीय पुलिस टीम ने की गिरफ्तारी
अभियुक्त की गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में थानाध्यक्ष शनि कुमार जावला, उपनिरीक्षक महेन्द्र यादव, कांस्टेबल महेन्द्र यादव तथा कांस्टेबल श्यामसुन्दर यादव शामिल रहे।
अब सवाल सिर्फ एक पासपोर्ट का नहीं!
पासपोर्ट किसी सामान्य कागज का टुकड़ा नहीं, बल्कि देश की पहचान और नागरिक की अंतरराष्ट्रीय यात्रा से जुड़ा महत्वपूर्ण दस्तावेज है। ऐसे में यदि फर्जी दस्तावेजों के सहारे पासपोर्ट बनवाने की कोशिश के आरोप सामने आते हैं, तो मामला निश्चित तौर पर गंभीर हो जाता है। पुलिस की गिरफ्तारी ने इस बात को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं कि आखिर दस्तावेजों की सत्यता जांचने वाली व्यवस्था को कथित तौर पर चकमा देने की कोशिश कैसे हुई।
फिलहाल पुलिस की कार्रवाई के बाद मामले की आगे की जांच और कानूनी प्रक्रिया पर नजर बनी हुई है। अब जांच में यह स्पष्ट होना बाकी है कि कथित फर्जीवाड़े का दायरा कितना बड़ा है और इसके पीछे कोई अन्य व्यक्ति या नेटवर्क भी सक्रिय था या नहीं।
