

विलेज फास्ट टाइम्स, कुशीनगर | विशेष संवाददाता
कुशीनगर। दुदही ब्लॉक क्षेत्र में रविवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब बकरी चोरी के संदेह में ग्रामीणों ने दो युवकों का कई किलोमीटर तक पीछा कर उन्हें दबोच लिया। घटना ने इलाके में कानून-व्यवस्था और बढ़ती पशु चोरी की घटनाओं को लेकर लोगों की चिंता फिर उजागर कर दी।
जानकारी के अनुसार, विशुनपुरा थाना क्षेत्र के दशहवा गांव में एक स्प्लेंडर बाइक पर दो युवक दो बकरियों को लेकर जा रहे थे। ग्रामीणों को उनकी गतिविधियां संदिग्ध लगीं तो उन्होंने पूछताछ का प्रयास किया। आरोप है कि युवक रुकने के बजाय तेजी से भाग निकले। इसके बाद ग्रामीणों ने भी उनका पीछा शुरू कर दिया। दशहवा बंधे से शुरू हुआ यह पीछा दुदही ब्लॉक तक पहुंचा, जहां ग्रामीणों ने घेराबंदी कर दोनों युवकों को पकड़ लिया।
घटना की सूचना मिलते ही विशुनपुरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस ने मौके से एक स्प्लेंडर बाइक तथा दोनों बकरियों को भी कब्जे में ले लिया है।
थानाध्यक्ष शिव कुमार जावला ने बताया कि हिरासत में लिए गए दोनों युवकों का कहना है कि उन्होंने बकरियां खरीद रखी हैं और वे उन्हें लेकर जा रहे थे। फिलहाल उनके दावों का सत्यापन किया जा रहा है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि मामला वास्तव में बकरी चोरी का है या वैध खरीद-बिक्री का।
घटना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते सतर्कता नहीं दिखाई जाती तो संभव है कि बकरियां गायब हो जातीं। वहीं पुलिस का कहना है कि केवल संदेह के आधार पर किसी को दोषी नहीं माना जा सकता और जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
अब सभी की निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हैं। सवाल यह है कि क्या ग्रामीणों ने बकरी चोरों को रंगे हाथ पकड़ा है, या फिर संदेह ने निर्दोष लोगों को कठघरे में खड़ा कर दिया? इस पूरे मामले का सच पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगा।

