
विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर से विशेष संवाददाता
पडरौना कस्बे में हर सोमवार लगने वाले भीषण जाम ने आखिरकार प्रशासन को कठघरे में खड़ा कर दिया है। वर्षों से जनता घंटों सड़क पर रेंगती रही, मरीज एंबुलेंस में तड़पते रहे, स्कूली बच्चे और राहगीर धूल-धक्कड़ व अव्यवस्था से परेशान होते रहे, लेकिन जिम्मेदार विभाग केवल मूकदर्शक बना रहा। अब जब हालात बद से बदतर हो गए, तब जाकर यातायात विभाग और रोडवेज प्रशासन की नींद टूटी है।
इसी समस्या के समाधान को लेकर दिनांक 16 मई 2026 को निरीक्षक यातायात एवं एआरएम रोडवेज पडरौना के बीच महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्पष्ट रूप से माना गया कि कस्बा पडरौना स्थित रोडवेज बस स्टैंड ही सुभाष चौक, कठकुईया मोड़ और छावनी क्षेत्र में लगने वाले विकराल जाम की सबसे बड़ी वजह बन चुका है। सोमवार के दिन बाजार, सड़कों और बसों का दबाव ऐसा होता है कि आम लोगों का निकलना तक मुश्किल हो जाता है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा फैसला लेते हुए घोषणा की है कि 18 मई 2026 से प्रत्येक सोमवार को सुबह 09:30 बजे से दोपहर 02:30 बजे तक रोडवेज बसों का संचालन पडरौना बस स्टैंड के बजाय छावनी स्थित रोडवेज वर्कशॉप से किया जाएगा। यह व्यवस्था फिलहाल केवल सोमवार के लिए लागू रहेगी।
हालांकि सवाल यह भी उठ रहा है कि जब वर्षों से जनता जाम की मार झेल रही थी, तब यह फैसला पहले क्यों नहीं लिया गया? क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा था? स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल बस स्टैंड शिफ्ट कर देने से समस्या पूरी तरह खत्म नहीं होगी, जब तक अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और सड़क किनारे फैले अव्यवस्थित कारोबार पर सख्त कार्रवाई नहीं होती।
फिलहाल प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे सोमवार को अपनी यात्रा की योजना नए व्यवस्था के अनुसार बनाएं, ताकि अनावश्यक परेशानी से बचा जा सके।
