
प्रेम, विश्वासघात और प्रतिशोध की दहलीज पर पहुंची दो विवाहितों की सनसनीखेज कहानी
विलेज फास्ट टाइम्स कुशीनगर से न्यूज़ नेटवर्क, विशेष संवाददाता
तमकुहीराज/कुशीनगर।
सीमावर्ती क्षेत्र सेवरही नगर पंचायत में गुरुवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब पति की कथित प्रताड़ना और पुलिस कार्रवाई से नाराज़ एक महिला मोबाइल टावर पर चढ़ गई। टावर पर महिला को चढ़ा देख मौके पर अफरा-तफरी मच गई, स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जुट गई और पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही सेवरही थाना पुलिस मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद महिला को समझा-बुझाकर नीचे उतारा। बाद में पुलिस महिला को पूछताछ के लिए थाने ले गई।
बताया जा रहा है कि मामला बिहार सीमा से सटे ठकराहा प्रखंड अंतर्गत मोतीपुर पंचायत के भगवानपुर गांव से जुड़ा है, जहां की यह प्रेम कहानी अब मानसिक, शारीरिक प्रताड़ना और प्रतिशोध की खतरनाक दहलीज तक पहुंच चुकी है। ग्रामीणों के मुताबिक भगवानपुर निवासी मुन्ना यादव, जो पहले से शादीशुदा और बच्चों का पिता है, का अपने खेत में काम करने वाली एक विवाहित महिला शोभा देवी से प्रेम संबंध हो गया था। शोभा देवी भी दो बच्चों की मां बताई जा रही है।
कहा जा रहा है कि दोनों ने समाज और परिवार की परवाह किए बिना साथ रहने का फैसला किया। मुन्ना यादव ने पहली पत्नी और बच्चों से दूरी बनाकर तमकुहीराज रोड पर किराए के मकान में शोभा देवी के साथ रहना शुरू कर दिया। लेकिन कुछ ही महीनों बाद इस रिश्ते में दरार पड़ने लगी। आरोप है कि मुन्ना यादव ने शोभा देवी के साथ मारपीट शुरू कर दी, खर्च देना बंद कर दिया और धीरे-धीरे पहली पत्नी व बच्चों के पास लौट गया।
महिला का आरोप है कि प्रेम और शादी के नाम पर उसका इस्तेमाल किया गया। उसने अपना घर-परिवार छोड़ा, बच्चों के साथ मजदूरी कर जीवन बिताया, लेकिन बदले में उसे केवल अपमान, मारपीट और मानसिक यातना मिली। बुधवार को जब शोभा देवी सेवरही थाना क्षेत्र के दवनहा स्थित मुन्ना यादव के घर पहुंची, तो वहां भी उसके साथ मारपीट की गई। पीड़िता न्याय की गुहार लेकर थाने पहुंची, लेकिन कार्रवाई न होने से आक्रोशित होकर उसने मोबाइल टावर पर चढ़कर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कोई इसे “इश्क का अंजाम” बता रहा है तो कोई “विश्वासघात की दर्दनाक कहानी”। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। वहीं यह घटना समाज के सामने कई बड़े सवाल भी छोड़ गई है—क्या प्रेम के नाम पर रिश्तों से खिलवाड़ का यही अंजाम है, या फिर न्याय की तलाश में एक महिला व्यवस्था से टकराने को मजबूर हो गई?
